एक दुर्लभ फैसले में अहमदाबाद के फैमिली कोर्ट (Ahmedabad Family Court) ने हाल ही में एक व्यक्ति बीरेन (बदला हुआ नाम) को एडल्ट्री और उसकी पत्नी द्वारा की गई क्रूरता के आधार पर तलाक दे दिया। पत्नी सोनम (बदला हुआ नाम) एक स्थानीय फैशन डिजाइनर है, जिसके घरेलू हिंसा के आरोपों को एक अन्य अदालत ने खारिज कर दिया था। फैमिली कोर्ट के प्रिंसिपल जज मोहम्मद हनीफ मंसूरी ने अपने फैसले में कहा कि बिरेन और सोनम के बीच विवाह अब हिंदू मैरिए एक्ट, 1955 की धारा 13 (1) (i) और 13 (1) (i-a) के तहत भंग कर दिया गया है। इस मामले की कड़वी विडंबना यह है कि बमुश्किल चार महीने चली शादी के बावजूद बीरेन को न्याय के लिए सात साल तक संघर्ष करना पड़ा।
क्या है पूरा मामला?
Ahmedabadmirror.com के मुताबिक, इस कपल ने जून 2016 में हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार शादी की थी। पति बिरेन ने दावा किया कि उनकी शादी की रात सोनम ने खराब स्वास्थ्य और धार्मिक रीति-रिवाजों का हवाला देते हुए साथ में सोने से इनकार कर दिया। बीरेन को सोनम की वफादारी पर शक तब शुरू हुआ जब उसने सोनम की जेब में गर्भनिरोधक गोलियां देखीं। इसके बाद सोनम आत्महत्या की धमकियां देने लगी। इसके बाद दोनों के बीच तनावपूर्ण संबंध और बढ़ गया।
बिरेन की चिंता तब और बढ़ गई जब एक दिन सोनम के चेहरे पर उसने काटने और किस करने के निशान देखे। इसके बाद एडल्ट्री की तब आधिकारिक पुष्टि हो गई जब बीरेन ने सोनम को उसके पूर्व प्रेमी पंकज (बदला हुआ नाम) के साथ एक गेस्ट हाउस में देख लिया। 25 अक्टूबर 2016 को बीरेन जल्दी घर आ रहा था, तभी रास्ते में पंकज के साथ स्कूटर पर सोनम को देखा। फिर उन्होंने उनका पीछा किया और दोनों को गेस्ट हाउस में पाया।
पति ने दर्ज कराई शिकायत
इस सदमे ने बीरेन को सीधे पुलिस स्टेशन भेज दिया और सोनम को उसकी मौसी के घर छोड़ दिया। इस मामले में तब एक नया मोड़ आ गया जब सोनम ने पंकज के साथ संबंध होने की बात कबूल कर ली और बिरेन के साथ अपनी शादी जारी रखने में अपनी अनिच्छा व्यक्त की। बाद में, उसने बीरेन के खिलाफ घरेलू हिंसा की शिकायत दर्ज कराई, जिसमें उसकी प्रतिष्ठा को धूमिल करने और शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया।
कोर्ट का आदेश
हालांकि, शिकायत को मार्च 2018 में जूनागढ़ के थानगढ़ के एक न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा खारिज कर दिया गया था। इसके अलावा उसकी अपील को एक सत्र अदालत ने भी खारिज कर दिया था। सुलह के प्रयासों के बावजूद, बीरेन और सोनम की शादी को नहीं बचाया जा सका। अदालत में सोनम की जिरह से बिरेन के खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं मिला। अदालत ने कहा कि बीरेन ने वास्तव में सोनम के पास गर्भनिरोधक गोलियां पाई थीं।
फैसला सोनम द्वारा अपनी घरेलू हिंसा की शिकायत में बीरेन की मानहानि पर एक मजबूत नोट के साथ समाप्त हुआ, जहां उसने अपनी भाभी के साथ संबंध होने का आरोप लगाया था। इसके अलावा, अदालत ने सोनम के बिरेन से शादी से पहले उसके प्रेमी पंकज के साथ स्वैच्छिक यौन संबंधों पर प्रकाश डाला। इन निष्कर्षों ने क्रूरता और एडल्ट्री के आधार पर तलाक के आधार की पुष्टि की।
Join our Facebook Group or follow us on social media by clicking on the icons below
If you find value in our work, you may choose to donate to Voice For Men Foundation via Milaap OR via UPI: voiceformenindia@hdfcbank (80G tax exemption applicable)













